जागरूकता रैली एवं नुक्कड़ नाटक के माध्यम से दवाओं के सुरक्षित एवं तर्कसंगत उपयोग का संदेश
रिम्स, रांची में छठा राष्ट्रीय फार्माकोविजिलेंस सप्ताह का आयोजन
RANCHI: राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स), रांची में छठा राष्ट्रीय फार्माकोविजिलेंस सप्ताह 17 से 23 सितंबर 2026 तक मनाया जा रहा है।
इस वर्ष का थीम “फार्माकोविजिलेंस के जरिए दवाओं के सही इस्तेमाल को बढ़ावा देना—सुरक्षित हेल्थकेयर की ओर एक कदम” (“Promoting Rational Use of Medicines through Pharmacovigilance – A Step Towards Safer Healthcare”) है।
राष्ट्रीय फार्माकोविजिलेंस सप्ताह के अंतर्गत 18 सितंबर 2026 को जागरूकता रैली का आयोजन किया गया।
रैली की शुरुआत रिम्स के चिकित्सा अधीक्षक प्रो. (डॉ.) हिरेन्द्र बिरुआ ने हरी झंडी दिखाकर की।

रैली का उद्देश्य मरीजों, उनके परिजनों एवं आम नागरिकों को दवाओं के तर्कसंगत एवं सुरक्षित उपयोग तथा दवाओं के संभावित दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना था।
इस अवसर पर फार्माकोलॉजी विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. (डॉ.) आभा कुमारी ने दवाओं के दुष्प्रभावों के संबंध में मरीजों, अभिभावकों एवं आमजन को जागरूक किया।
उन्होंने दवाओं के सुरक्षित उपयोग के साथ-साथ किसी भी संभावित प्रतिकूल प्रभाव की जानकारी चिकित्सकीय व्यवस्था तक पहुंचाने के महत्व पर भी जोर दिया।
जागरूकता अभियान के तहत ओपीडी ब्लॉक एवं ट्रॉमा सेंटर में मेडिकल छात्रों द्वारा नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया।
नुक्कड़ नाटक के माध्यम से दवाओं के सही एवं तर्कसंगत उपयोग और दवाओं से होने वाले संभावित प्रतिकूल प्रभावों के प्रति लोगों को सरल एवं प्रभावी तरीके से जागरूक किया गया।
जागरूकता रैली में फार्माकोलॉजी विभाग के फैकल्टी सदस्यों के साथ सीनियर रेजिडेंट, जूनियर रेजिडेंट एवं मेडिकल छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय फार्माकोविजिलेंस सप्ताह के क्रम में 21 सितंबर 2026 को एक सेमिनार का भी आयोजन किया जाएगा,
जिसमें रिम्स के निदेशक प्रो. (डॉ.) डी.के. सिन्हा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। सेमिनार में फार्माकोविजिलेंस, दवाओं के तर्कसंगत उपयोग तथा सुरक्षित स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की जाएगी।
