रिम्स के सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग ने दो जटिल कैंसर सर्जरी मे हासिल की सफलता

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एक वर्ष में 180 सिर एवं गर्दन के कैंसर, 87 गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर, 33 हेपेटोबिलियरी कैंसर, 102 स्त्री रोग संबंधी कैंसर, 66 स्तन कैंसर तथा 27 यूरो-ऑन्कोलॉजिकल कैंसर की सफल सर्जरी

RANCHI: राजेन्द्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स), रांची के सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग ने दो जटिल कैंसर सर्जरी को सफलतापूर्वक संपन्न कर अपनी उन्नत चिकित्सीय क्षमता एवं विशेषज्ञता का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है।

इन दोनों सर्जरी का नेतृत्व विभागाध्यक्ष डॉ. अजीत कुशवाहा एवं डॉ. रोहित झा ने किया।

एनेस्थीसिया विभाग से डॉ. दीपाली ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सर्जिकल टीम में डॉ. अभिषेक, डॉ. शास्वत, डॉ. हितेश, डॉ. ईशांत, डॉ. बाला एवं डॉ. सहर शामिल रहे।

पहले मामले में पश्चिम बंगाल के पुरुलिया निवासी 46 वर्षीय महिला के लिवर के बाएं हिस्से में स्थित विशाल हेपैटोसेल्युलर कार्सिनोमा (लिवर कैंसर) का सफल ऑपरेशन किया गया।

मरीज लंबे समय से पेट के ऊपरी हिस्से में दर्द एवं लिवर बढ़ने की समस्या से पीड़ित थीं। विस्तृत जांच के उपरांत सफल लेफ्ट अपर लोबेक्टोमी कर ट्यूमर को निकाला गया।

ऑपरेशन के बाद मरीज स्वस्थ होकर संतोषजनक रूप से रिकवर कर चुकी हैं।

दूसरे मामले में हजारीबाग की 40 वर्षीय महिला के बाएं मुख्य श्वासनली (लेफ्ट मेन ब्रोंकस) में स्थित दुर्लभ पल्मोनरी कार्सिनॉयड ट्यूमर का सफल ऑपरेशन किया गया।

मरीज लगातार खांसी, खांसी के साथ रक्तस्राव, बार-बार बुखार, सांस लेने में तकलीफ एवं वजन कम होने जैसी समस्याओं से जूझ रही थीं।

जांच में ट्यूमर के कारण फेफड़े का ऊपरी भाग लगभग पूरी तरह अवरुद्ध पाया गया। सफल लेफ्ट अपर लोबेक्टॉमी के माध्यम से ट्यूमर को निकाल दिया गया।

वर्तमान में मरीज की स्थिति स्थिर है तथा उनकी रिकवरी संतोषजनक रूप से जारी है।

सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग ने बताया कि रिम्स में अब सिर एवं गर्दन, फेफड़े एवं वक्ष (थोरेसिक), लिवर एवं पित्त नली (हेपेटोबिलियरी), गैस्ट्रो, स्त्री रोग, स्तन तथा यूरो-ऑन्कोलॉजी से संबंधित जटिल कैंसर सर्जरियां नियमित रूप से की जा रही हैं।

विभाग के अनुसार पिछले एक वर्ष में 180 सिर एवं गर्दन के कैंसर, 87 गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर, 33 हेपेटोबिलियरी कैंसर, 102 स्त्री रोग संबंधी कैंसर, 66 स्तन कैंसर तथा 27 यूरो-ऑन्कोलॉजिकल कैंसर की सफल सर्जरी की गई हैं।

विभाग का कहना है कि विशेषज्ञ चिकित्सकों एवं समर्पित टीमवर्क के बल पर रिम्स पूर्वी भारत में कैंसर उपचार के एक प्रमुख केंद्र के रूप में तेजी से अपनी पहचान स्थापित कर रहा है।

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