मंहगाई, पेट्रोल, डीजल की किल्लत को लेकर कांग्रेस पार्टी का जोरदार प्रदर्शन
RANCHI: भारतीय जनता पार्टी द्वारा झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था पर दिए गए बयान पर कांग्रेस क़े मिडिया प्रभारी राकेश सी सिन्हा ने तीखा पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा नेताओं को जनता को गुमराह करने से पहले अपने 20 वर्षों के शासनकाल का हिसाब देना चाहिए।
सिन्हा ने कहा कि आज भाजपा जिस स्वास्थ्य व्यवस्था पर मगरमच्छ के आंसू बहा रही है, उसी व्यवस्था की नींव उनके शासनकाल में कमजोर हुई थी।
कांग्रेस ने कहा कि भाजपा के लोग अस्पतालों की बदहाली पर राजनीति कर रहे हैं, जबकि सच्चाई यह है कि केंद्र सरकार लगातार झारखंड के स्वास्थ्य बजट में कटौती कर रही है।
आयुष्मान भारत योजना का ढिंढोरा पीटने वाली भाजपा यह बताए कि देशभर में कितने गरीब मरीजों को निजी अस्पतालों ने इलाज देने से मना किया।
भाजपा शासित राज्यों में भी अस्पतालों की स्थिति किसी से छिपी नहीं है।
कांग्रेस ने कहा कि भाजपा प्रवक्ता को झारखंड की चिंता कम और राजनीतिक सुर्खियां ज्यादा चाहिए। जिस पार्टी के शासन में देश ने ऑक्सीजन की कमी से लोगों को दम तोड़ते देखा, गंगा में लाशें बहती देखीं और अस्पतालों के बाहर मरीजों को तड़पते देखा, वह आज नैतिकता की बात कर रही है।
उन्होंने ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए लगातार डॉक्टरों की नियुक्ति, दवा उपलब्धता और ग्रामीण स्वास्थ्य ढांचे को सुधारने की दिशा में काम कर रही है।
आइसोलेटेड घटनाओं को आधार बनाकर पूरे सिस्टम को बदनाम करना दुर्भाग्यपूर्ण है।
कांग्रेस ने भाजपा को सलाह दी कि वह जनता की समस्याओं पर राजनीति करने के बजाय केंद्र से झारखंड को अधिक मेडिकल संसाधन, डॉक्टर और आर्थिक सहायता दिलाने की पहल करे। केवल प्रेस कॉन्फ्रेंस और धमकी भरे बयान देने से स्वास्थ्य व्यवस्था नहीं सुधरती।
