रिम्स चर्म रोग ओपीडी मे मनाया गया विटिलिगो दिवस, लोगों को किया गया जागरूक
RANCHI: आज VITILIGO दिवस पर skin OPD,RIMS में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस मौके पर रिम्स के चर्म रोग विभागाध्यक्ष डॉ प्रभात कुमार ने ओपीडी मे आये मरीजो एवं उनके परिजन को चर्म रोग, सफेद दाग के बारे मे जानकारी दी साथ ही इसके लक्षण, उपचार और बचाव संबंधी जानकारी दी।
विटिलिगो क्या है?
चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ प्रभात कुमार ने बताया कि विटिलिगों एक ऐसी स्थिति है जिसमें त्वचा का रंग बदल जाता है और पिगमेटिशन कम होने लगता है, त्वचा फीकी या दूध जैसी सफेद होने लगती है
यह एक ऑटो इम्यून विकार है, केवल एक “कॉस्मेटिक समस्या नहीं है यह किसी भी उम्र में हो सकता है यह किसी भी जाती, मूलजाति या लिंग तक सीमित नहीं है यह छुआछूत की बीमारी नहीं है।
लक्षणः त्वचा के रंग में धब्बों सा परिवर्तन ,समय से पहले बाल सफेद या पे हो जाना, मुँह या नाक में टिशू के भीतरी परत का रंग बदल जाना
उपचारः लगाने व खाने की दवाएं, फोटोथेरेपी प्रकाश विधि द्वारा उपचार, सर्जिकल तकनीक
रोकने के उपाय : कटन, जलन, शिलन से बच कर रहें, स्वस्थ संतुलित भोजन करें।, तनाव से मुक्त रहें टैटू बनाने के जोखिम को जानें
डॉ प्रभात ने बताया कि रिम्स मे सफेद दाग का इलाज किया जाता है। यह लाइलाज नहीं है।
इस मौके पर चर्म रोग विभाग के चिकित्सक और पीजी छात्राएं भी उपस्थित थे।
