October 23, 2026

दुमका और पलामू मेडिकल कॉलेज होंगे 1000-1000 बेड के, MBBS सीटें दोगुनी करने की तैयारी

0
IMG-20261023-WA0020

दुमका मेडिकल कॉलेज के विकास पर खर्च होंगे 375 करोड़ रुपये, दोनों संस्थानों में पीजी की 150-150 सीटें विकसित करने की योजना

RANCHI:  झारखंड में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाने की तैयारी की है।

दुमका और पलामू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पतालों का विस्तार कर इन्हें 1000-1000 बिस्तरों वाला संस्थान बनाया जाएगा। इसके साथ ही एमबीबीएस की सीटें बढ़ाने और स्नातकोत्तर (पीजी) चिकित्सा शिक्षा का विस्तार करने की योजना है।

दुमका मेडिकल कॉलेज के विकास पर लगभग 375 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।

स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को आयोजित समीक्षा बैठक में मेडिकल कॉलेजों की आधारभूत संरचना, मरीजों की सुविधाओं और चिकित्सा शिक्षा की क्षमता बढ़ाने से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा हुई।

बैठक अपर मुख्य सचिव के कार्यालय कक्ष में आयोजित की गई।

बैठक में विभाग की विशेष सचिव डॉ. नेहा अरोड़ा, संयुक्त सचिव ललित कुमार शुक्ला सहित विभाग के कई पदाधिकारी उपस्थित थे।

दुमका में एमबीबीएस की 200 सीटें होंगी

बैठक में दुमका स्थित पीजे मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के विकास की विस्तृत योजना पर चर्चा की गई।

लगभग 100 एकड़ भूमि पर विकसित होने वाले इस संस्थान में वर्तमान के 500 बिस्तरों के साथ सदर अस्पताल को सम्मिलित कर कुल 1000 बिस्तरों की व्यवस्था की जाएगी।

मेडिकल कॉलेज में वर्तमान में एमबीबीएस की 100 सीटें हैं, जिन्हें बढ़ाकर 200 करने का प्रस्ताव है। इसके अलावा पीजी की 150 सीटें विकसित करने की योजना है। विद्यार्थियों की सुविधा के लिए पीपीपी मॉडल पर पीजी छात्रावास और अतिथिगृह बनाने का निर्देश भी दिया गया।

पलामू मेडिकल कॉलेज का भी होगा विस्तार

पलामू स्थित एमआर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल को लगभग 75 एकड़ भूमि पर विकसित करने की योजना है।

यहां भी सदर अस्पताल को शामिल करते हुए 1000 बिस्तरों की व्यवस्था की जाएगी। स्नातक चिकित्सा शिक्षा की सीटों में वृद्धि के साथ पीजी पाठ्यक्रमों के लिए 150 सीटें विकसित करने के प्रस्ताव पर चर्चा हुई।

बैठक में बताया गया कि दुमका और पलामू दोनों मेडिकल कॉलेजों के लिए भूमि उपलब्ध हो गई है।

अन्य मेडिकल कॉलेजों की सुविधाओं की समीक्षा

बैठक में हजारीबाग के शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के विकास के लिए 75 से 100 एकड़ भूमि पर आधारभूत संरचना विकसित करने की योजना पर विचार किया गया।

इसके अलावा देवघर, रांची, लोहरदगा, चाईबासा और जमशेदपुर सहित अन्य मेडिकल कॉलेजों में उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा की गई।

मेडिकल कॉलेजों में चलेंगी विद्युत बसें

अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने सभी मेडिकल कॉलेजों में विद्युत बसें उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।

जमशेदपुर सहित अन्य तीन मेडिकल कॉलेजों में भी बसें उपलब्ध कराने को कहा गया। इसका उद्देश्य बड़े अस्पताल परिसरों में मरीजों और उनके परिजनों को एक विभाग से दूसरे विभाग तक पहुंचने में सुविधा देना है।

इससे विशेष रूप से बुजुर्गों और चलने-फिरने में असमर्थ मरीजों को राहत मिलने की उम्मीद है।

बैठक में चिकित्सा शिक्षा की क्षमता बढ़ाने, अस्पतालों में बिस्तरों का विस्तार करने, छात्रावास एवं अतिथिगृह जैसी सुविधाएं विकसित करने और मरीजों के आवागमन को सुगम बनाने पर जोर दिया गया।

इन योजनाओं से राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं के आधारभूत ढांचे को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

खबरें एक नजर में…