बॉडी के इन पार्ट्स में रहता है दर्द? हो सकता है Uterus Fibroid का खतरा

0

 

 

नई दिल्‍ली । महिलाओं में कुछ परेशानियां कॉमन होती हैं, जिनमें से एक है गर्भाशय फाइब्रॉएड. 50 की उम्र पार करते करते अक्सर महिलाओं के गर्भाशय में फाइब्रॉएड विकसित हो जाता है. हालांकि गर्भाशय फाइब्रॉएड गर्भाशय में गैर-कैंसरयुक्त वृद्धि है जो बड़ी संख्या में महिलाओं को प्रभावित करती है
यदि आपके गर्भाशय में फाइब्रॉएड है तो आपको पीरियड्स के दौरान गंभीर दर्द का अनुभव हो सकता है. ये गर्भाशय में फाइब्रॉएड के लक्षणों में से एक है. ये दर्द हल्का, गंभीर या तेज भी हो सकता है. हालांकि गर्भाशय में फाइब्रॉएड की समस्या आमतौर पर किसी भी आयु की महिलाओं को हो सकती है।

फाइब्रॉएड को लेयोमायोमास या मायोमास भी कहा जाता है, ये तेज पेट दर्द और भारी मासिक धर्म रक्तस्राव का कारण बन सकते हैं. गर्भाशय में फाइब्रॉएड होने पर आप इन जगहों पर दर्द महसूस कर सकते हैं- 1) पेल्विक में दर्द: गर्भाशय फाइब्रॉएड आमतौर पर पेल्विक दर्द का कारण बनता है. इस दौरान पेल्विक में हल्का दबाव या शरीर के अन्य हिस्सों में दर्द महसूस हो सकता है. जब फाइब्रॉएड काफी बड़ा हो जाता है, तो यह आस-पास के अंगों पर दबाव डालने लगता है, जिसके परिणामस्वरूप शरीर के विभिन्न हिस्सों में दर्द हो सकता है 2) पीठ के निचले हिस्से में दर्द: फाइब्रॉएड के कारण पैरों में दर्द हो सकता है।

ये इसके आकार और स्थान पर निर्भर करता है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि ये फाइब्रॉएड अन्य अंगों को प्रभावित करता है. जब फाइब्रॉएड काफी बड़े हो जाते हैं, तो वे रीढ़ की हड्डी के साथ नसों को दबाने लगते हैं, जिसके परिणामस्वरूप पीठ और पैर में दर्द होता है. 3) पेट में दर्द : पेट में भारीपन या दबाव महसूस होना फाइब्रॉएड का एक सामान्य लक्षण है।

हालांकि, यदि आपको अचानक, तेज़ पेट दर्द का अनुभव होता है जो दर्द की दवा से कम नहीं होता है, तो यह चिंता का कारण हो सकता है. ऐसे में आपको तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए. 4) दर्दनाक संभोग: अगर आपको संभोग करते समय तेज दर्द होता है तो बेहतर होगा कि आप डॉक्टर से सलाह लें और सही इलाज लें. 5) ब्लैडर प्रेशर: फाइब्रॉएड के कारण ब्लैड और मलाशय पर दबाव पड़ सकता है, यह इस बात पर निर्भर करता है कि वे कहां स्थित हैं. ऐसे में आपको बार-बार पेशाब आने की अनुभूति हो सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *