रिम्स निदेशक प्रो (डॉ) राजकुमार ने किया मेडिसिन वार्ड का निरीक्षण, व्यवस्था संतोषजनक पाया

न्यूरोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ सुरेंद्र ओपीडी से गायब मिले, मरीजो की भीड लगी थी, निदेशक ने ओपीडी संभाला
रिम्स निदेशक ने डॉ सुरेंद्र को लगायी फटकार, कहा रिम्स छोड दे और प्राइवेट प्रैक्टिस पर पूर्ण ध्यान दे
जूनियर रेजिडेंट भी ओपीडी से अनुपस्थित जांच का दिया निर्देश
RANCHI: रिम्स निदेशक प्रो (डॉ) राजकुमार ने आज मेडिसिन वार्ड का निरीक्षण किया
निरीक्षण में वार्ड की साफ-सफाई संतोषजनक पाई गई, जो बेड गंदे थे उनके लिए निदेशक ने प्रभारी को उन्हें जल्द से जल्द साफ कराने के निर्देश दिए।
इसके पश्चात उन्होंने न्यूरोसर्जरी OPD में मरीजों को परामर्श दिया।
करीब 12:15 बजे न्यूरोसर्जरी OPD से वापस जाते समय निदेशक ने देखा न्यूरोलॉजी OPD के बाहर भीड़ लगी थी और दोनों कमरे बंद थे।
इसकी जानकारी लेने हेतु उन्होंने न्यूरोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ सुरेंद्र को फ़ोन किया जिसपर वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए।
भीड़ को देखते हुए निदेशक डॉ राजकुमार ने न्यूरोलॉजी OPD में कुछ मरीज़ों को परामर्श दिया जिनमें एक छोटा बच्चा भी शामिल था।
सस्पेक्टेड ऑटोइम्यून इन्सेफेलाइटिस मामले वाले इस बच्चे की prescription शिशु रोग विभाग के चिकित्सक न्यूरोलॉजी परामर्श के लिए आए थे।
इसके अलावा डॉ राजकुमार ने न्यूरोलॉजी OPD में और मरीज़ो को परामर्श दिया।
इस बीच डॉ सुरेंद्र और संकायाध्यक्ष डॉ शशि बाला सिंह OPD पहुंचे। साथ ही OPD में पदस्थापित जूनियर रेजिडेंट भी पहुंची।
JR से अनुपस्थिति का कारण पूछने पर उन्होनें बताया कि वह मेडिसिन वार्ड में राउंड ले रहीं थीं।
निदेशक ने संकायाध्यक्ष को निर्देश दिए कि जूनियर रेजिडेंट किस के निर्देशानुसार और कहाँ राउंड ले रही थी इसकी जांच करते हुए रिपोर्ट समर्पित करें।
इसके अलावा उन्होंने न्यूरोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ सुरेंद्र कुमार को हिदायत दिया और कहा कि, “बार बार शिकायत और हिदायत के बावजूद यदि उनके कार्यशैली में सुधार नहीं हो रहा है तो वह रिम्स छोड़ दे और प्राइवेट प्रैक्टिस पर ही पूर्ण रूप से ध्यान दें|”