नोवाक जोकोविच के वीजा रद्द होने के मामले में सुनवाई आज, कोर्ट के फैसले पर टिका है ग्रैंडस्लैम खेलना

मेलबर्न। दुनिया के नंबर एक टेनिस खिलाड़ी नोवाक जोकोविच (Tennis player Novak Djokovic) के निर्वासन मामले (deportation case) की अदालत(Court) में सोमवार को सुनवाई होगी। जोकोविच का वीजा(Djokovic’s Visa) पिछले हफ्ते मेलबर्न हवाई अड्डे (Melbourne Airport) पर आने के बाद रद्द कर दिया गया था जिसके बाद वह चार दिन से रिफ्यूजी सेंटर(refugee center) में हैं। ऑस्ट्रेलिया (Australia) के सीमा अधिकारियों ने कहा है कि वह देश में प्रवेश के लिए सभी गैर नागरिकों के कोविड-19 के खिलाफ पूर्ण टीकाकरण की अनिवार्यता से छूट की पात्रता को पूरा नहीं करते। सर्बिया के इस स्टार खिलाड़ी को हालांकि काफी समर्थन मिल रहा है।
जोकोविच के वकीलों ने ऑस्ट्रेलिया से निर्वासन को चुनौती देते हुए अदालत में याचिका दायर की है जिसमें कहा गया है कि यह सर्बियाई खिलाड़ी पिछले महीने कोविड-19 पॉजिटिव पाया गया था और इससे उबर चुका है। उन्होंने इसी के आधार पर ऑस्ट्रेलिया के कड़े टीकाकरण नियमों से चिकित्सा छूट के लिए आवेदन किया था।

अधिक समय दिए जाने की सरकारी याचिका खारिज
वीजा रद्द करने के इस मामले में वर्चुअल सुनवाई फेडरल सर्किट एवं फैमिली कोर्ट ऑफ ऑस्ट्रेलिया में होनी है। जोकोविच के खिलाफ मामला तैयार करने के लिए अतिरिक्त समय की संघीय सरकार की मांग को खारिज कर दिया गया है। न्यायाधीश एंथोनी केली ने आवेदन को खारिज किया। याचिका गृह मंत्री केरेन एंड्रयू की ओर से दायर की गई थी जिसमें सुनवाई को दो दिन के लिए स्थगित करने का आग्रह किया गया था। ऑस्ट्रेलियाई ओपन 17 जनवरी से खेला जाना है।

बेलग्रेड में रैली
सर्बिया में शनिवार को जोकोविच के परिवार ने उनके समर्थन में बेलग्रेड में लगातार तीसरे दिन रैली का आयोजन किया और प्रधानमंत्री एना बर्नाबिक ने वीजा लड़ाई में जोकोविच को अपनी सरकार के समर्थन का आश्वासन दिया है जिससे कि सुनिश्चित हो सके कि यह दिग्गज खिलाड़ी ऑस्ट्रेलियाई ओपन में अपने खिताब की रक्षा करे। बर्नाबिक ने कहा, ‘हम यह सुनिश्चित करने में सफल रहे हैं कि उसे ग्लुटेन मुक्त भोजन मिले और साथ ही एक्सरसाइज के लिए उपकरण, लैपटॉप और सिम कार्ड जिससे कि वह अपने परिवार से संपर्क कर पाए।’